लखनऊ, अगस्त 19 (TNA) राजधानी से सात दिन से लापता चल रहे दरोगा आनंद कुमार मिश्रा आखिरकार प्रयागराज के एक होटल में सकुशल मिल गए। उनके अचानक गायब होने से लखनऊ पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया था और उनकी तलाश में कई पुलिस टीमें लगाई गई थीं। मिश्रा इंदिरानगर थाने की तकरोही चौकी के प्रभारी उपनिरीक्षक हैं। उनकी पत्नी अंजली तिवारी भी सब इंस्पेक्टर हैं और डीसीपी सेंट्रल कार्यालय में तैनात हैं।
पुलिस के मुताबिक, 11 अगस्त को आनंद कुमार मिश्रा अपनी कार घर पर छोड़कर कपड़ों से भरा बैग लेकर पैदल निकल गए थे। देर शाम तक उनके ड्यूटी से वापस नहीं लौटने और मोबाइल फोन बंद मिलने के बाद उनकी पत्नी ने पुलिस को सूचना दी। उनकी शिकायत पर सरोजनीनगर थाने में गुमशुदगी दर्ज की गई।
मामला गंभीर होने के बाद लखनऊ पुलिस ने उनकी तलाश के लिए कई टीमें लगाईं। सर्विलांस की मदद से उनकी गतिविधियों का पता लगाने की कोशिश की गई। जांच के दौरान उनकी आखिरी सक्रिय लोकेशन वाराणसी में मिली। इसके बाद पुलिस टीमों ने वाराणसी के रेलवे स्टेशनों और होटलों में उनकी तलाश शुरू की। जांच आगे बढ़ने पर पुलिस को पता चला कि आनंद कुमार मिश्रा प्रयागराज पहुंच चुके हैं और वहां एक होटल में ठहरे हुए हैं।
पुलिस टीम ने प्रयागराज के होटल से उन्हें सुरक्षित बरामद कर लिया। पूछताछ में सामने आया कि वह कथित तौर पर पारिवारिक कलह के चलते नाराज होकर घर से निकले थे। पुलिस के मुताबिक, लखनऊ से निकलने के बाद आनंद कुमार मिश्रा पहले वाराणसी पहुंचे थे और वहां करीब दो दिन रुके। इसके बाद उन्होंने वाराणसी से एक निजी कार बुक की और प्रयागराज पहुँच गए। प्रयागराज में उन्होंने एक होटल में कमरा लिया और वहीं ठहरे रहे।
दरोगा के अचानक लापता होने के बाद पुलिस महकमे में इसलिए भी चिंता बढ़ गई थी क्योंकि वह एक पुलिस चौकी के प्रभारी हैं और बिना किसी को बताए घर से निकल गए थे। परिवार की ओर से गुमशुदगी दर्ज कराए जाने के बाद पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए उनकी तलाश तेज कर दी थी।
फिलहाल आनंद कुमार मिश्रा सुरक्षित मिल गए हैं। पुलिस की पूछताछ में उनके घर से निकलने की वजह पारिवारिक नाराजगी बताई गई है। सात दिन तक चले इस मामले का फिलहाल सुखद अंत हुआ है![]()